MoU between Businessgarh and ICFAI University Raipur, students will get hands-on experience of startups and entrepreneurship
रायपुर। छत्तीसगढ़ में स्टार्टअप एवं उद्यमिता के विकास को नई दिशा देने के उद्देश्य से बिजनेसगढ़ (BusinessGarh) और द ICFAI यूनिवर्सिटी, रायपुर के बीच मेमोरेंडम ऑफ अंडरस्टैंडिंग (MoU) पर हस्ताक्षर किए गए। इस साझेदारी का मुख्य उद्देश्य विश्वविद्यालय के विद्यार्थियों के बीच उद्यमिता, नवाचार और स्टार्टअप संस्कृति को प्रोत्साहित करना तथा उन्हें व्यवसाय की दुनिया से जोड़ना है।
इस अवसर पर ICFAI यूनिवर्सिटी के कुलपति प्रो. (डॉ.) शिव दयाल पांडेय, डॉ. इसाक जयंथ, डॉ. अंबरीश घोष सहित विश्वविद्यालय के अन्य प्राध्यापक एवं प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
इस समझौते के अंतर्गत बिजनेसगढ़ और ICFAI यूनिवर्सिटी मिलकर विद्यार्थियों के लिए स्टार्टअप जागरूकता कार्यक्रम, उद्यमिता प्रशिक्षण, मेंटरशिप, इंडस्ट्री कनेक्ट, बिजनेस डेवलपमेंट और नवाचार से संबंधित विभिन्न गतिविधियों का आयोजन करेंगे। इसके माध्यम से विद्यार्थियों को केवल अकादमिक शिक्षा ही नहीं, बल्कि वास्तविक व्यावसायिक चुनौतियों और स्टार्टअप शुरू करने की प्रक्रिया को समझने का अवसर भी मिलेगा।
बिजनेसगढ़ के संस्थापक एवं सीईओ डॉ. डोमेंद्र सिंह गंजिर ने कहा कि आज के समय में विश्वविद्यालयों की भूमिका केवल विद्यार्थियों को डिग्री प्रदान करने तक सीमित नहीं होनी चाहिए, बल्कि उन्हें नए विचार विकसित करने, समस्याओं का समाधान खोजने और उद्यमी बनने के लिए भी प्रोत्साहित करना चाहिए।
उन्होंने कहा, “हमारा उद्देश्य विद्यार्थियों को केवल नौकरी पाने के लिए तैयार करना नहीं, बल्कि उन्हें भविष्य में रोजगार सृजित करने वाला बनाने की दिशा में काम करना है। हमारा मानना है कि प्रत्येक विद्यार्थी का उद्यमी बनना जरूरी नहीं है, लेकिन प्रत्येक विद्यार्थी में उद्यमशील सोच विकसित होना आवश्यक है।”
उन्होंने आगे कहा कि बिजनेसगढ़ का प्रयास छत्तीसगढ़ में एक मजबूत स्टार्टअप इकोसिस्टम विकसित करना है, जहां युवाओं को अपने विचारों को व्यवसाय में बदलने के लिए उचित मार्गदर्शन, संसाधन, नेटवर्क और अवसर उपलब्ध हो सकें।
बिजनेसगढ़ छत्तीसगढ़ आधारित एक स्टार्टअप इकोसिस्टम एनेबलर है, जो स्टार्टअप्स और उद्यमियों को इनक्यूबेशन, मेंटरशिप, बिजनेस डेवलपमेंट, मार्केटिंग, निवेश की तैयारी और विभिन्न व्यावसायिक सेवाओं के माध्यम से सहयोग प्रदान करता है।
इस साझेदारी से विश्वविद्यालय के विद्यार्थियों को उद्यमिता के क्षेत्र में नए अवसर मिलेंगे तथा शिक्षा और उद्योग के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने में मदद मिलेगी।

