क्राइम वॉच

गैंगरेप पीड़ित नाबालिग छात्रा ने फांसी लगाकर कर ली आत्महत्या, थानाध्यक्ष लाइन हाजिर

  • परिजनों का आरोप- कार्रवाई नहीं होने से सदमे में थी और अवसाद में चली गई थी पीड़िता

अंबेडकरनगर: अंबेडकरनगर में गैंगरेप पीड़ित नाबालिग छात्रा के फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली. परिजनों का आरोप है कि इस मामले में पुलिस द्वारा आरोपियों के खिलाफ कोई कार्यवाही नहीं की जा रही थी. इसी से आहत पीड़िता छात्रा सदमे में थी और अवसाद में चली गई थी. इसके चलते बीती रात छात्रा ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली. घटना के समय परिवार के लोग बाहर गए हुए थे. सुबह इसकी जानकारी होने पर परिजनों ने पुलिस को सूचना दी. मामले की जानकारी होने पर कांदीपुर गांव में पीड़िता के घर के बाहर वालों की भीड़ जमा हो गई.

मामले में पुलिस मुकदमा दर्ज कर विवेचना जारी रहने का हवाला देकर अपना बचाव कर रही है. दिन दहाड़े अपहरण कर गैंगरेप करने के आरोपियों की गिरफ्तारी घटना के 15 दिनों बाद भी नहीं की गई है. रेप की धाराएं भी पीड़िता के आत्महत्या करने के बाद बढ़ाई गई हैं. गैंगरेप पीड़िता के पिता ने बताया, “16 सितंबर को जब बेटी स्कूल से निकली, तो कार सवार लोगों ने उसका अपहरण कर लिया. आरोपी उसको लेकर लखनऊ चले गए, जहां दो लोगों ने उसके साथ रेप किया. 18 सितंबर को पीड़िता किसी तरह अपहरणकर्ताओं के चंगुल से निकल कर घर आई और परिजनों को इसकी जानकारी दी.”

एक आरोपी को बेटी ने पहचान लिया था

पीड़िता के पिता ने बताया, “बेटी ने एक आरोपी को पहचान लिया था. उसकी जानकारी बेटी ने पुलिस को दी थी. पुलिस ने पीड़िता का बयान कराया और मेडिकल भी करा लिया, लेकिन आरोपियों पर कोई कार्यवाही नहीं की. मैं पुलिस अधीक्षक से भी मिला, लेकिन वहां से डांट कर भगा दिया गया.”

विवेचक से कह दिया था- कर लूंगी आत्महत्या

पीड़िता के पिता ने बताया कि विवेचक कल शाम को भी घर आए थे. पीड़िता ने विवेचक से कहा भी कि यदि कार्यवाही नहीं हुई, तो वह आत्महत्या कर लेगी. रात में उसने फांसी लगा ली. पीड़िता के आत्महत्या की सूचना पर कई नेता भी गांव पहुंचे. अपर पुलिस अधीक्षक और अपर जिलाधिकारी गांव पहुंचे और परिजनों को कार्यवाही का भरोसा दिलाकर शव पोस्टमार्टम के लिए भिजवा.

दो पुलिसकर्मियों पर हुई कार्रवाई

अब इस मामले में मुकदमे के विवेचक सब इंस्पेक्टर प्रमोद कुमार निलंबित कर दिया गया है. वहीं, थानाध्यक्ष मालीपुर चंद्रभान यादव को लाइन हाजिर कर दिया गया है. डीएम ने मामले की जांच के लिए तीन सदस्यीय कमेटी गठित की है. सीडीओ, एएसपी और एसडीएम पूरे प्रकरण की जांच करेंगे.

एसपी बोले- आरोपियों की पहचान के लिए बनाई हैं टीम

मामले में एसपी अजीत कुमार सिन्हा ने कहा कि 16 सितंबर को क्राइम नंबर 212 /22 में धारा 363, 366 के तहत केस दर्ज किया गया था. पीड़िता का मेडिकल चेकअप कराया गया था और 164 का बयान कराया गया था. दो अज्ञात व्यक्तियों द्वारा रेप करने की पुष्टि बयानों के आधार पर हुई. इसके बाद सुसंगत धाराओं में 376 डी और पॉक्सो एक्ट में मुकदमा कायम किया गया है. अज्ञात आरोपियों की पहचान करने के लिए लगातार कोशिश की जा रही है. इसके लिए टीम भी गठित कर दी गई थी और इसकी वैधानिक कार्यवाई चल रही है.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *