- प्रशासन ने तमिलनाडु बस को रोक 39 मजदूरो रोका, जिला के 19 मजदूरो में 8 मजदूर नाबालिक
प्रकाश नाग/केशकाल : कोंडागांव के दूरस्थ ग्रामों से लगातार श्रमिकों के अन्यत्र पलायन की खबरें मिलती रहती है। जैसा कि सभी जानते हैं अन्य प्रदेशों में पलायन करने वाले श्रमिकों के साथ अक्सर प्रताड़ना और शोषण जैसी घटनाएं घटती है और ऐसी घटनाओं को रोकने के लिये कलेक्टर पुष्पेन्द्र कुमार मीणा द्वारा संबंधित विभाग को पूर्ण सतर्कता बरतने के निर्देश दिये गये हैं। लेकिन आज श्रम विभाग और ग्राम पंचायत की उदासीनता के चलते आज भी मजदूर प्लान कर रहे हैं । बुधवार दोपहर को केशकाल तहसीलदार को सूचना मिली कि तमिलनाडु की बस से कुछ मजदूर अन्य राज्य पलायन कर रहे हैं जिस पर तत्काल राजस्व विभाग व पुलिस की टीम मौके पर पहुंचकर जांच किए जहां बस में 39 मजदूर काम करने जा रहे है ।
जानकारी देते हुए नायब तहसीलदार दयाराम साहू ने बताया कि नगर के गोल्डी ढाबा के समीप मजदूरों से भरी एक बस खड़ी होने की सूचना मिली थी। मौके पर पुलिस टीम के साथ पहुंच कर देखा गया तो बस में कुल 39 मजदूर सवार थे। मजदूरो से पूछने पर उन्होंने बताया कि वह कोंडागांव, कांकेर, नारायणपुर सहित अन्य जिले के भी निवासी हैं। जो कि रोजगार की तलाश में तमिलनाडु के तिरचंगोड़ जिले के ग्राम चिन्नामालापलियम जा रहे थे। जब मजदूरों के बारे में जानकारी लिया गया तो पता चला कि कोंडागांव जिला के 19 मजदूर जिसमें 8 मजदूर नाबालिक पाएंगे फिलहाल सभी मजदूरों को केशकाल में ही रोका गया है । साथ ही उच्च अधिकारियों व जिला श्रम निरीक्षक को मामले की सूचना दे दी गयी है। श्रम विभाग के अधिकारियों के आने के पश्चात आगे की कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल समाचार लिखे जाने तक श्रम विभाग के कोई भी अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचे थे ।

