Pooja Painkra Death Case: कोरिया जिला मुख्यालय बैकुंठपुर में आईसी मार्ट (सुपर बाजार) के संचालकों की प्रताड़ता से तंग आकर 17 वर्षीय छात्रा पूजा पैंकरा ने 8 जुलाई को पुलिस क्वार्टर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी। इस मामले का अब राष्ट्रीय अनुसूचित जनजाति आयोग ने एक्शन लिया है। डीजीपी, प्रमुख सचिव ट्राइबल, कलेक्टर, एसपी को नोटिस जारी कर तीन दिन में जवाब मांगा है। इधर मामले में फरार आईसी मार्ट के संचालक समेत 3 आरोपियों के खिलाफ पुलिस ने 5 हजार रुपए इनाम की घोषणा की है।
कोरिया में सर्व आदिवासी समाज ने कलेक्टर, एसपी को ज्ञापन सौंपकर आरोपियों की गिरफ्तारी, आईसी मार्ट में बुलडोजर कार्रवाई करने मांग रखी है। इसमें बताया गया है कि आदिवासी छात्रा पूजा पैकरा (17) ने आईसी मार्ट के संचालकों की ओर से चोरी के आरोप लगाने, प्रताडि़त करने से तंग आकर 8 जुलाई को पुलिस लाइन स्थित क्वार्टर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। पुलिस ने अपराध दर्ज कर लिया है, लेकिन आरोपियों की अभी तक गिरफ्तारी नहीं हुई है।
इस दौरान के दौरान जिला उपाध्यक्ष रविंद्र सिंह, मनियार सिंह जिलाध्यक्ष कंवर समाज, अमोल सिंह जिलाध्यक्ष आदिवासी कांग्रेस, जनपद अध्यक्ष उदय प्रताप सिंह, जिपं सदस्य सुरेश सिंह, पूर्व नपाध्यक्ष अशोक जायसवाल, जनपद सदस्य प्रकाश चंद्र पैकरा, डॉ आरएस चंदे, अमर सिंह, जितेंद्र पैकरा, अविनाश पाठक, सुरेश एक्का सहित आदिवासी समाज के पदाधिकारी एवं सदस्य मौजूद थे।
पूर्व विधायक ने ये कहा
पूर्व विधायक गुलाब कमरो ने कहा कि इस सरकार में कानून-प्रशासन का डर नहीं है। हमारे समाज की बेटी सामान खरीदने आईसी मार्ट गई थी। उस चोरी का आरोप लगाकर प्रताडि़त किया गया, स्कूटी भी छीनी गई। इससे क्षुब्ध होकर छात्रा ने आत्महत्या (Pooja Painkra News) कर ली।
आईसी मार्ट के संचालकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने, दुकान की जांच कराने मांग की गई है। इधर सर्व आदिवासी समाज के जिलाध्यक्ष विजय सिंह ने कहा कि इस घटना से हमारा समाज बहुत दुखी है। बच्ची को पीटने की भी जानकारी मिली है। हमने संचालकों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने मांग की है।
यह है मामला
पुलिस आरक्षक शिवनाथ सिंह की बेटी पूजा पैकरा (Pooja Painkra) स्कूटी में सवार होकर अपनी बहन के साथ 7 जुलाई को आईसी मार्ट खरीदारी करने गई थी। इस दौरान संचालकों ने चोरी का आरोप लगा छात्रा सहित उसकी बहन को रोक लिया तथा उनकी स्कूटी छीन ली थी। संचालक ने एक-एक सामान की सूची बनवाई और दोनों बहनों से उसी सूची पर लिखवाया कि मैं और मेरी बहन आईसी मार्ट से चोरी किए हैं।
उन्होंने दोनों बहनों का हस्ताक्षर भी कराया। परिजनों का आरोप है कि संचालक ने पहले 20 हजार मांगे। मामले की जानकारी मिलने के बाद पिता आईसी मार्ट पहुंचे। लेकिन संचालक ने स्कूटी के एवज में 50 हजार मांगे और स्कूटी लौटाने से इंकार कर दिया। घटना के बाद 8 जुलाई की दोपहर छात्रा ने पुलिस क्वार्टर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी।


