- भारत लौटने पर ये सभी लोग मोदी सरकार और वायु सेना की तारीफ कर रहे हैं। ये एक जोड़ी कपड़ों में आए हैं।
नई दिल्ली : अफगानिस्तान के काबुल में फंसे भारतीयों की वतन वापसी का क्रम जारी है। बीती रात एयर इंडिया का विमान 87 लोगों को ताजिकिस्तान से राजधानी दिल्ली लेकर आया। इसमें दो नेपाली नागरिक भी शामिल हैं। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अंरिदम बागची ने ट्टीट कर इस बात की जानकारी दी। जैसे ही ये लोग अपनी मातृ भूमि पहुंचे, भारत माता की जय के नारे गूंज उठे। ताजा खबर यह है कि भारतीय वायुसेना का एक और सी17 हिंडन एयरबेस पहुंच चुका है। इनमें कुल 150 यात्री आएं हैं, जिनमें 107 भारतीय हैं। शेष अफगानी सिख और अफगानी हिंदू हैं। इस फ्लाइट में कुछ बच्चे भी आए हैं। इनमें एक सवा महीने का है। सभी ने भारत की धरती पर लौटने के बाद सरकार का शुक्रिया अदा किया। इनमें से कुछ अफगानिस्तान का सांसद भी हैं। इन लोगों का कहना है कि वे एक जोड़ी कपड़ों में भारत आ गए हैं। भारत सरकार, नरेंद्र मोदी, भारतीय वायुसेना के शुक्रिया। अधिकांश मीडिया से बात करते समय रो पड़े। एक अफगान नागरिक ने कहाअफगानिस्तान में स्थिति बिगड़ रही थी, इसलिए मैं अपनी बेटी और दो पोते-पोतियों के साथ यहां आ गई। हमारे भारतीय भाई-बहन हमारे बचाव में आए। उन्होंने (तालिबान) ने मेरा घर जला दिया। मैं हमारी मदद करने के लिए भारत को धन्यवाद देती हूं। कहा जा रहा है कि आज 300 भारतीय स्वदेश लौट सकते हैं। अमेरिका ने भारत को रोज 2 फ्लाइट्स की अनुमति दी है। यानी काबुल में फंसे भारतीयों को लाने का काम अब तेजी से हो सकेगा। उधर, कतर स्थित भारतीय दूतावास ने कहा कि पिछले कुछ दिनों में काबुल से दोहा निकाले गए 135 भारतीयों को भारत भेजा जा रहा है। दूतावास ने मध्यरात्रि के बाद के एक ट्वीट में कहा, 135 भारतीयों का पहला जत्था, जिन्हें पिछले दिनों काबुल से दोहा ले जाया गया था, आज रात भारत वापस लाया जा रहा है। इस बीच, अमेरिका और नाटो विमानों द्वारा काबुल से दोहा लाए गए लगभग 100 भारतीयों को भी रविवार को देश वापस लाए जाने की संभावना है।

