Aman Sehrawat made history at the Asian Games, won gold for India in 57kg wrestling
नई दिल्ली। अमन सहरावत ने अपना नाम इतिहास के पन्नों पर दर्ज करा लिया है। अमन ने एशियन गेम्स 2026 में फ्रीस्टाइल रेसलिंग की 57 किग्रा स्पर्धा में गोल्ड मेडल जीतकर इतिहास रच दिया। अमन ने वर्ल्ड चैंपियन नॉर्थ कोरिया के हांग चोंग सोंग को मात देकर गोल्ड मेडल अपने नाम किया।
पता हो कि अमन सहरावत की वर्ल्ड रैंकिंग 32 है। उन्होंने पुरुषों के 57 किग्रा फ्रीस्टाइल फाइनल में हांग चोंग सोंग को 11-7 से मात देकर चौंका दिया। 57 किग्रा फ्रीस्टाइल कुश्ती में भारत का यह पहला एशियन गेम्स गोल्ड मेडल भी रहा। याद दिला दें कि 2023 एशियन गेम्स में अमन सहरावत ने ब्रॉन्ज जबकि सोंग ने सिल्वर मेडल जीता था।
ललित कुमार ने निखारा
आपको बता दें कि अमन सहरावत ने निजी जिंदगी में काफी जोरदार झटके सहन किए हैं, लेकिन उन्होंने कभी हिम्मत नहीं हारी। अमन महज 11 साल के थे, जब उन्होंने अपने माता-पिता को खो दिया। रेसलिंग में सहरावत को एकाग्रता और जिंदगी जीने का मकसद मिला।
ओलिंपिक मेडलिस्ट सुशील कुमार से प्रेरित अमन सहरावत ने दिल्ली के मशहूर छत्रसाल स्टेडियम में ललित कुमार से ट्रेनिंग लेना शुरू की। इस दौरान अमन ने अपनी आक्रामक ग्रैपलिंग स्टाइल को विकसित किया।
इतिहास रचते चले गए अमन
2022 में अमन ने स्पेन में अंडर-23 वर्ल्ड रेसलिंग चैंपियनशिप में गोल्ड मेडल जीतकर इतिहास रचा। वो ये कारनामा करने वाले पहले भारतीय बने। जल्द ही अमन ने सीनियर सर्किट में अपनी जगह पक्की की। कजाख्सतान में 2023 एशियन रेसलिंग चैंपियनशिप में उन्होंने गोल्ड मेडल जीता। पिछले एशियन गेम्स में उन्होंने ब्रॉन्ज मेडल जीता।
2024 पेरिस ओलिपिंक में सहरावत ने पुअर्तो के रिको डारियन क्रूज को मात देकर ब्रॉन्ज मेडल जीता। 21 साल और 24 दिन की उम्र में व्यक्तिगत ओलिंपिक मेडल जीतने वाले सबसे युवा भारतीय एथलीट बने अमन। रेसलिंग में शानदार प्रदर्शन के लिए 2024 में अमन को भारत के दूसरे सर्वोच्च खेल सम्मान अर्जुन पुरस्कार से सम्मानित किया गया।

