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ED Raid on Azam Khan: Azam Khan पर ED का शिकंजा, जौहर यूनिवर्सिटी समेत कई ठिकानों पर छापे

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ED Raid on Azam Khan: ED tightens the noose on Azam Khan, raids conducted at multiple locations, including Jauhar University.

ED Raid on Azam Khan: रामपुर। सपा नेता आजम खान का जौहर ट्रस्ट आयकर विभाग को विश्वविद्यालय के निर्माण में अरबों खर्च का ब्योरा नहीं दे पा रहा है। इसमें भारी मात्रा में काला धन का उपयोग किए जाने की आशंका है। माना जा रहा है कि इसी की जांच पड़ताल को ईडी ने छापेमारी की है।

दो पैन कार्ड मामले में रामपुर की जेल में दस वर्ष कैद की सजा काट रहे सपा के राष्ट्रीय महासचिव मोहम्मद आजम खान के खिलाफ आयकर विभाग के बाद प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने भी शिकंजा कस दिया है।

ईडी ने जुलाई में पुलिस-प्रशासन से आजम खान पर दर्ज सभी मुकदमों का ब्योरा मांग लिया था। तब से ही आशंका जताई जा रही थी कि ईडी कभी भी रामपुर में छापेमारी कर सकती है। इसी क्रम में बुधवार को ईडी ने सुबह लगभग सात बजे आजम खान के जेल रोड स्थित आवास, जौहर विश्व विद्यालय समेत उनके कुछ करीबियों के ठिकानों पर छापेमारी शुरू कर दी है।

ट्रस्ट का पंजीकरण हो चुका है निरस्त

आजम खान का मौलाना मोहम्मद अली जौहर ट्रस्ट जौहर विश्वविद्यालय के निर्माण पर अनुमानित खर्च 494 करोड़ का ब्योरा उपलब्ध कराने में अब तक नाकाम रहा है। आयकर विभाग 23 जून को आय और व्यय का ब्योरा उपलब्ध न करा पाने समेत अन्य अनियमितताओं के आरोप में ट्रस्ट का पंजीकरण निरस्त कर चुका है।

ट्रस्ट नहीं दे पा रहा ब्योरा

इसके बाद आयकर विभाग जौहर ट्रस्ट को नोटिस जारी कर वर्ष 2015 से 2020 तक ट्रस्ट को हुई आय और व्यय के साथ जौहर विश्वविद्यालय के लिए जमीन खरीद, इंफ्रास्ट्रक्चर और निर्माण पर खर्च की गई धनराशि का साक्ष्यों समेत ब्योरा देने के निर्देश दिए थे।

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दूसरे नोटिस में दान के नाम पर ट्रस्ट को करोड़ों रुपये देने वाली 11 संदिग्ध फर्मों का रिकार्ड भी मांगा था। ट्रस्ट ये ब्योरा नहीं दे पा रहा है। उसने आयकर विभाग से कुछ और समय देने की मांग की थी।

2022 में भी जांच को आई थी ईडी

जौहर विश्वविद्यालय के निर्माण में काला धन का उपयोग होने की आशंका से अब ईडी सक्रिय हो गई है। इससे पहले वर्ष 2022 में ईडी की एक टीम जौहर यूनिवर्सिटी से जुड़े मामलों की प्रारंभिक पड़ताल करने आई थी।

 

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