नई दिल्ली: भारतीय सेना के उत्तरी कमांड ने अपनी बख्तरबंद गाड़ियों की फ्लीट में स्वदेशी गाड़ी कल्याणी एम 4 को शामिल किया है. यह एक ऑल टरेन हाई मोबिलिटी कॉम्बैट ट्रूप कैरियर है. कल्याणी एम4 के चारों तरफ, ऊपर नीचे मोटा कवच लगा है. साथ ही बारूदी सुरंग से बचने की प्रणाली और मोटी ढाल भी लगाई गई है. सेना के नॉर्दन कमांड ने अपने ट्विटर हैंडल से इसकी तस्वीरें जारी की हैं. जिसमें जनरल ऑफिसर कमांडिंग इन चीफ लेफ्टिनेंट जनरल उपेंद्र द्विवेदी भी दिख रहे हैं.
ट्वीट में लिखा गया है कि उत्तरी कमांड 4×4 क्विक रिएक्शन फोर्स व्हीकल को शामिल कर रहा है. यह भारत फोर्ज द्वारा बनाया स्वदेशी बख्तरबंद ATHMCTC है. आपको बता दें कि कल्याणी एम4 को कल्याणी ग्रुप की कंपनी भारत फोर्ज बनाती है. लद्दाख में इसके भयानक ट्रायल्स हुए हैं. इसके बाद ही सेना ने इसे खरीदने का फैसला किया है. इस गाड़ी के ट्रायल्स की शुरुआत चीन के साथ चल रहे सीमा विवाद के दौरान शुरू हो गए थे.
कल्याणी एम 4 ऐसा बख्तरबंद वाहन है कि इसके ऊपर 10 किलोग्राम टीएनटी या 50 किलोग्राम आईईडी बम के विस्फोट का भी असर नहीं होगा. इस गाड़ी का वजन 16 हजार किलोग्राम है. लंबाई करीब 6 मीटर है. चौड़ाई 2.6 मीटर और ऊंचाई 2.45 मीटर. इसके अंदर ड्राइवर को मिलाकर दस लोग बैठ सकते हैं. इसमें छह स्पीड की ऑटोमैटिक गियर ट्रांसमिशन है. एक बार ईंधन भरने पर यह 800 किलोमीटर तक चल सकती है. पावर स्टीयरिंग वाली यह गाड़ी अधिकतम गति 140 किलोग्राम प्रतिघंटा है.

