00 किसी ने सोचा भी नहीं होगा कि गोबर से आर्थिक समृद्धि हो सकती है
00 समृद्ध छत्तीसगढ़ की दिशा में हम आने वाली पीढ़ी के लिए काम कर रहे हैं
रायपुर। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा है कि विकास के पैमाना दो है. पहला जो अधोसंरचना विकास है. जिसमें भवन, सड़क जैसी चीजें शामिल हैं. आखिर ये किसके लिए है? यह यहाँ के रहवासियों के लिए ही है, ऐसे में व्यक्ति के विकास होना चाहिए.व्यक्ति के विकास के लिए क्या ज़रूरी है? तो इसमें सबसे पहले है कि उसका पोषण हो.दूसरी बात यह है कि लोगों की आर्थिक स्थिति क्या है? लोगों को मेहनत का उचित पैसा मिलना चाहिए.हमारे विकास की परिभाषा में व्यक्ति है, जिसका समावेशी विकास हो.हमारे न्याय में सभी वर्ग शामिल हैं. चाहें किसानों के न्याय की बात हो या महिला, मज़दूर, गरीब सभी शामिल हैं.
मुख्यमंत्री बघेल आज शाम जी छत्तीसगढ़-मध्यप्रदेश न्यूज चैनल के साथ मुखातिब हो रहे थे। उन्होने आगे कहा कि हमें एक, दो नहीं तीन बार स्वच्छतम प्रदेश का पुरस्कार मिला और इस बार 67 पुरस्कार मिले हैं.हमने तो 2500 रुपए किसानों को देने की बात कही थी, लेकिन केन्द्र सरकार ने फऱमान जारी किया कि न्यूनतम समर्थन मूल्य से अधिक एक रुपए भी देने पर हम धान नहीं लेंगे तो ऐसे में राजीव गांधी किसान न्याय योजना लायी गई.हमने किसानों से किया अपना वायदा पूरा किया.जहाँ भी समस्या आती है सरकार का काम उसका समाधान खोजना है.आज हिंदुस्तान अनाज के मामले में आत्मनिर्भर है. आज स्थिति यह है कि अगर तीन साल भी अकाल की स्थिति आ जाए तो अनाज की कमी नहीं होगी.अगर अनाज की अधिकता है तो इसके लिए यह देखना होगा कि अधिक अनाज को किस तरह से उपयोग किया जा सकता है.हमने चावल से एथेनॉल बनाने का सोचा है, इसके लिए केन्द्र सरकार से अनुमति माँग रहे हैं लेकिन पौने तीन साल से हम अनुमति का इंतज़ार कर रहे हैं, अनुमति नहीं दी जा रही है. इससे किसानों के पूरे धान खऱीदी हो सकती है और उन्हें उचित दाम मिलेगा.इससे विदेशों से क्रूड ऑयल के लिए पेट्रोलियम पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा. पेट्रोल-डीज़ल की क़ीमतों की समस्या में भी राहत मिलेगी.कोरोना संकट के समय जब किसी को काम नहीं मिल रहा था तब हमने 26 लाख परिवारों को मनरेगा में काम दिया.छत्तीसगढ़ में चाहे व्यापारी वर्ग है, किसान, मज़दूर समेत सभी वर्ग हमारी सरकार से संतुष्ट हैं.हमारे सभी पुरखों की प्रतिमाएँ नवा रायपुर में लगाने के लिए निर्णय लिया गया है. इसके लिए मंत्री श्री मोहम्मद अकबर और श्री रविंद्र चौबे को कहा गया है.केन्द्र सरकार से लगातार पुरस्कार मिल रहे है, देशभर में 74 प्रतिशत लघुवनोपज की खऱीदी इकलौते छत्तीसगढ़ ने की है.किसी ने सोचा भी नहीं होगा कि गोबर से आर्थिक समृद्धि हो सकती है. हमने गोधन न्याय योजना के ज़रिए गोबर खऱीदी की जिसने गऱीबों को भी आर्थिक रूप से समृद्ध करने का काम किया.केन्द्र सरकार से लगातार पुरस्कार मिल रहे है, देशभर में 74 प्रतिशत लघुवनोपज की खऱीदी इकलौते छत्तीसगढ़ ने की है.
छत्तीसगढ़ में आज हर वर्ग संतुष्ट है,इसलिए कि हमारे न्याय में सभी वर्ग शामिल है-भूपेश

