रायपुर। ट्रेड यूनियन काउंसिल छत्तीसगढ़ ने अंतरराष्ट्रीय श्रमिक दिवस (1 मई) के मौके पर राजधानी रायपुर में श्रमिक महा सम्मेलन आयोजित करने का ऐलान किया है। जारी प्रेस विज्ञप्ति के मुताबिक, यह सम्मेलन मेकाहारा कैंपस स्थित ऑडिटोरियम में 1 मई 2026 को आयोजित होगा, जिसमें प्रदेशभर के श्रमिक, कर्मचारी और सामाजिक संगठन भाग लेंगे।
प्रेस नोट में बताया गया है कि परिषद द्वारा वर्ष 1980 से लगातार हर साल विभिन्न जिलों में श्रमिक महा सम्मेलन का आयोजन किया जाता रहा है। इस बार रायपुर में होने वाले इस कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ श्रमजीवी अलंकरण पुरस्कार भी प्रदान किए जाएंगे, जिसमें श्रमिकों के उत्कृष्ट कार्यों को सम्मानित किया जाएगा।
समान मजदूरी और अधिकारों पर उठी आवाज
सम्मेलन में महिला और पुरुष श्रमिकों को समान काम के बदले समान मजदूरी देने की मांग प्रमुख रूप से उठाई जाएगी। साथ ही असंगठित क्षेत्र में काम करने वाले मजदूरों के पंजीयन को लेकर भी सरकार से ठोस कदम उठाने की अपील की गई है। परिषद का कहना है कि बड़ी संख्या में श्रमिक आज भी शासकीय योजनाओं के लाभ से वंचित हैं क्योंकि उनका पंजीयन श्रम विभाग में नहीं हो पाता।
ग्रामीण और असंगठित श्रमिकों की भागीदारी
विज्ञप्ति में यह भी उल्लेख है कि दूरस्थ क्षेत्रों में रहने वाले आदिवासी और ग्रामीण श्रमिक भी इस सम्मेलन में हिस्सा लेंगे। परिषद लंबे समय से श्रमिकों के अधिकारों को लेकर आवाज उठाती रही है और इस सम्मेलन के जरिए एक बार फिर सरकार का ध्यान इन मुद्दों की ओर आकर्षित करने की कोशिश की जाएगी।
नेताओं और संगठनों की मौजूदगी
इस मौके पर विभिन्न कर्मचारी संगठनों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और श्रमिक नेताओं की उपस्थिति रहेगी। कार्यक्रम में श्रमिक हितों से जुड़े प्रस्ताव पारित कर राज्य और केंद्र सरकार को भेजे जाएंगे।

