BREAKING: चंडीगढ़। बुधवार शाम करीब 5 बजे चंडीगढ़ स्थित पंजाब भाजपा मुख्यालय के बाहर हुए जोरदार धमाके ने शहर की सुरक्षा व्यवस्था पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। शुरुआती जांच में इस हमले में ग्रेनेड जैसी विस्फोटक सामग्री के इस्तेमाल की आशंका जताई जा रही है।
धमाका इतना तेज था कि दफ्तर के बाहर खड़ी कई गाड़ियों के शीशे चकनाचूर हो गए, वहीं इमारत की दीवारों पर 70-80 तक छर्रों के निशान मिले हैं। घटना के बाद सामने आए CCTV फुटेज में एक संदिग्ध व्यक्ति ग्रेनेड की पिन खोलकर उसे फेंकते और मौके से फरार होते दिखाई दे रहा है।
घटना के तुरंत बाद नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (NIA), भारतीय सेना, पंजाब पुलिस की एंटी गैंगस्टर टास्क फोर्स (AGTF) समेत कई केंद्रीय और राज्य एजेंसियां जांच में जुट गई हैं। पुलिस ने आसपास के CCTV फुटेज खंगालते हुए दो संदिग्ध बाइक सवारों की पहचान की है और उनकी तलाश में सर्च ऑपरेशन तेज कर दिया गया है।
मौके पर बम स्क्वॉड, डॉग स्क्वॉड और फॉरेंसिक टीमों ने पहुंचकर सैंपल जुटाए हैं। पूरे इलाके को सील कर दिया गया है और शहरभर में नाकाबंदी कर सघन चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है।
चंडीगढ़ की SSP कंवरदीप कौर के मुताबिक, पुलिस को शाम करीब 5 बजे तेज धमाके की सूचना मिली थी। मौके पर पहुंची टीमों को प्राथमिक जांच में क्रूड विस्फोटक सामग्री के इस्तेमाल के संकेत मिले हैं। मामले की हर एंगल से जांच की जा रही है।
इस हमले की जिम्मेदारी कथित तौर पर सुखजिंदर सिंह बब्बर ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए ली है, जो बब्बर खालसा इंटरनेशनल से जुड़ा रहा है। वहीं, भाजपा नेताओं ने इसे माहौल बिगाड़ने और पार्टी को निशाना बनाने की साजिश बताया है।
घटना के बाद राजनीतिक हलकों में भी हलचल तेज हो गई है। नेताओं ने प्रशासन से सख्त कार्रवाई की मांग की है और राज्य की कानून-व्यवस्था पर चिंता जताई है।

