- विधायक के जन हितैसी कार्य को विधायक प्रतिनिधि ही लगा रहे है पलीता
आफताब आलम/ बलरामपुर : बलरामपुर जिला मुख्यालय में मुस्लिम समुदाय के द्वारा जलसे का प्रोग्राम समाज के प्रबुद्ध लोगो ने रखा है जिसमे जिले भर के 20 से 25 हजार मुसलमान बलरामपुर- रामानुजगंज जिले से जलसे में आएंगे यह जलसा कई मायने में जैसे राजनीतिक सामाजिक दृष्टि से अपने आप मे काफी महत्वपूर्ण है बावजूद इसके इस विधान सभा के जुझारू कर्मठ मिलनसार विधायक जो जनता के हर सुख दुःख एवं सामाजिक कार्यो में शिरकत करने वाले विधायक है उनके ही जिला मुख्यालय के विधायक प्रतिनिधि अपने विधायक के विरुद्ध समाज मे गलत मैसेज देकर विधायक एवं कांग्रेस पार्टी का छबि धूमिल करने में लगे हुए है | यह मामला तब प्रकाश में आया जब आज बलरामपुर जिला मुख्यालय के जलसा प्रोग्राम स्थल पर सैकड़ो मुसलमान प्रोग्राम की तैयारी में लगे हुए थे और कर्यक्रम में विधायक की सहभागिता की चर्चा समाज के लोगो ने की तो पता चला कि विधायक जी ब्यक्ति विशेष का प्रोग्राम बता कर सहयोग नही करने की बात कही है यह बात विधायक प्रतिनिधि के द्वारा कहा गया है ऐसी जानकारी समाज के लोगो के बीच आई यह बात बलरामपुर -रा0गंज के विधायक के प्रतिनिधि ने कही है जब कि मामला कुछ और ही है | इस बात की सच्चाई जब हमारे जिला बियरो चीफ आफताब आलम ने विधायक प्रतिनिधि ग्रामीण जसीम अंसारी से फोन कर जानकारी ली तो उन्होंने बताया कि विधायक जी के विरुद्ध जिला मुख्यालय के विधायक प्रतिनिधि जी ने क्या सोच कर ऐसा कहा है मुझे नही मालूम मगर विधायक जी ने मुझसे फोन कर कार्यक्रम की जानकारी ली है और हर सम्भव मदद करने की बात कही है विधायक जी समाज के लोगो के साथ है | अब मामला यह है कि क्या अपने ही कांग्रेस पार्टी के छबि को एवं विधायक के छबि को विधायक प्रतिनिधि इस कदर गलत बयान बाजी कर धूमिल करने में लगे है तो अंजाम क्या होगा आने वाले चुनाव में विधान सभा क्षेत्र मे क्या मुह लेकर इस तरह के जुड़े लोग जनता के बीच जाएंगे बात एक समुदाय विशेष का है पूरे जिले के लोगो का है बावजूद इसके ब्यक्ति विशेष की कार्यक्रम बताकर विधायक की सहभागिता नही होने जैसी गलत बयान बाजी करके पार्टी एवं विधायक के छबि को किस उद्देश से धूमिल विधायक से जुड़े लोग कर रहे है इस मामले में पार्टी एवं विधायक को संज्ञान लेने की जरूरत है नही तो ओ कहावत चरितार्थ हो रहा है कि हमे तो अपनो ने लूटा गैरो में कहा दम था मेरी कस्ती वही डूबि जहा पानी कम था

