रामगढ़िया सेवक सभा द्वारा आयोजित कराओके म्यूजिक नाइट , विमतारा ऑडिटोरियम में किया गया । हमारे समाज के अध्यक्ष बलदेव सिंह भुई के दिशा निर्देश में हमने कार्यक्रम की रूपरेखा रखी ।
समाज में सभी गाने वालों को हमने आमंत्रित किया । कार्यक्रम में जगह,म्यूजिक सिस्टम की व्यवस्था की जिम्मेदारी ख़लविंदर सिंह ने निभाई । अब बारी थी हम सभी के गानों का चयन की,इसमें जसविंदर सिंह सग्गू (जस्सू) ने हमे बहुत मदद की,वे संगीत में विशेष रुचि, ज्ञान रखते है । हमने 2 हफ्ते की प्रैक्टिस बलदेव वीर जी,जसविंदर (मिंटू) के घर में की । मंच का संचालक तेजपाल सिंह हंसपाल ने किया,वो इस काम को बखूबी निभाते हैं। कार्यक्रम में कपल गायक/गायिका कुलवंत सिंह,अमरजीत कौर थे । सबसे छोटी गायिका, हम सब की लाडली गुरलीन कौर थी । कार्यक्रम की शुरुआत शब्द द्वारा की गई । जसविंदर सिंह सग्गू द्वारा ( देह शिवा वर मोहे ) अमरजीत कौर द्वारा ( मित्तर प्यारे नू ) अन्य गायकों में बलदेव सिंह, नरिंदर सिंह विरदी (बॉबी),कुलवंत सिंह,जसविंदर सिंह सग्गू(जस्सू), मनी सिंग,मानवेन्द्र सिंह,जसविंदर सिंह भुई (मिंटू), ख़लविन्द सिंह,बलविंदर सिंह,ओंकार सिंह थे ।
सभी ने मोहम्मद रफी,किशोर कुमार,मुकेश जी के गाने गए ।
पंजाबी गाने में बलविंदर सिंह ने (किते नी तेरा रुतबा..) धूम मचा दी,जसविंदर सग्गू ने(मै हु झूम झूम बन के झुमरू) ने भी माहौल बना दिया ।
समाज के सभी सम्माननीय लोगों की उपस्थिति इस कार्यक्रम की जान थी,उनकी तालियां, वन्स मोर,आखरी तक बैठकर संगीत का आनंद लेना हम सभी का सम्मान था ।
रामगढ़िया सेवक सभा द्वारा आयोजित कराओके म्यूजिक नाइट , विमतारा ऑडिटोरियम में किया गया

