Friday, December 9, 2022
रायपुर वॉच

ऐसे हुई चंदूलाल चंद्राकर मेडिकल कॉलेज में सौदेबाज़ी

रायपुर / बीजेपी ने चंदूलाल चंद्राकर मेडिकल कॉलेज के मूल्यांकित राशि में गंभीर भ्रष्टाचार बरतने और राज्य के युवाओं का भविष्य बर्बाद करने का आरोप लगाया है। साथ ही भाजपा ने कांग्रेस पर आरोप लगाया है कि चंदूलाल चंद्राकर मेडिकल कॉलेज के मूल्यांकित राशि 139 करोड़ से डबल राशि 278 करोड़ देने पर पुनः सवाल उठाते हुए देवलाल ठाकुर ने कहा दोगुने दाम में कालेज अधिग्रहित करने के बावजूद आज तक मेडिकल कॉलेज चालू क्यों नहीं किया गया है?

आज प्रेस वार्ता के दौरान भाजपा प्रदेश प्रवक्ता देवलाल ठाकुर ने कहा छत्तीसगढ़ की कांग्रेस सरकार में कहा छत्तीसगढ़ सरकार के स्वास्थ्य मंत्री ने धिग्रहण विधेयक मैं सदन को गलत जानकारी दी, की चंदूलाल चंद्राकर मेडिकल कॉलेज चालू स्थिति में है जबकि मेडिकल काउंसलिंग ने 2017 में ही इस कॉलेज को अमान्य कर दिया था तब से अधिग्रहण करने तक अमान्य है। छत्तीसगढ़ सरकार अधिग्रहण पश्चात निर्धारित समय पर कॉलेज का निरीक्षण नहीं करा पाई जिसके कारण इस वर्ष भी चंदूलाल मेडिकल कॉलेज को मान्यता नहीं मिल सकी।

इस वर्ष भी कॉलेज पढ़ाई के लिए मान्य नहीं है जबकि छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री कालेज के अधिग्रहण को लेकर प्रचारित करते रहे कि कालेज को पढ़ाई के लिए अनुमति मिल गया है भेंट मुलाकात में अपनी पीठ थपथपाते रहे वास्तविकता यह है 4 वर्षों से यह कालेज 0 ईयर घोषित है और आज भी 0 ईयर घोषित हो गया है। मुख्यमंत्री ने करीबी कॉलेज के संचालकों को अनुचित लाभ देने के लिए जल्दबाजी में अधिग्रहण कर लिया।

ज्ञात रहे संचालकों ने नियम विपरीत शासकीय भूमि को बंधक रखकर लगभग 150 करोड से भी ज्यादा राशि का लोन ले लिया था उक्त ऋण प्रकरण मैं एनसीएलटी ने कार्यवाही करते हुए चंदूलाल चंद्राकर मेडिकल कॉलेज के सारे संपत्ति कुर्क करने के आदेश दे दिए हैं सरकार ने ऋण की जानकारी बावजूद बिना बैंक ऋण अदा किए कॉलेज का अधिग्रहण कर लिया।

मूल्यांकनकर्त्ता अधिकारियों ने इस पर निजी ऋण होने का उल्लेख भी किया था तथा प्रबंधन की देनदारियों 245 करोड़ मूल्यांकन थे सारी जानकारी एमसीआई से भी छुपाई गई शायद संचालकों एवं सरकार में गुप्त करार हो बहरहाल छत्तीसगढ़ को बड़ा नुकसान हो गया देश में केंद्र परिवर्तित मेडिकल कॉलेज योजना नरेंद्र मोदी सरकार द्वारा संचालित है जिसमें राज्य को मात्र 25% राज्यांश देना है परंतु इनके प्रमुख शर्त यह है जिन जिलों में मेडिकल कॉलेज नहीं है उन्हें प्राथमिकता दी जानी है राज्य के साथ दुर्ग जिले को बड़ा नुकसान हुआ है।

वार्ता में कहा गया मेडिकल कालेज की कुर्की के लिए बैंक ने रेट 141 करोड़ रखा था तथा रूंगटा प्रबंधन ने इसे लगभग 165 करोड़ में खरीदने का अनुबंध किया जिसमे लगभग 70 करोड़ का भुगतान भी हो चुका था तो इसे 278 करोड़ के खरीदा जाना निश्चित ही बड़ा भ्रष्टाचार है। प्रेस वार्ता में भाजपा मीडिया प्रभारी अमित चिमनानी, प्रदेश प्रवक्ता संदीप शर्मा, केदारनाथ गुप्ता, दीपक म्हस्के मौजूद रहे।

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