हिंदू धर्म में किसी भी कार्य को शुभ दिन, शुभ तिथि, शुभ मुहूर्त आदि को देखकर किया जाता है. इन सभी चीजों के बारे में पता लगाने के लिए पंचांग (Panchang) की आवश्यकता पड़ती है. जिसके माध्यम से आप आने वाले दिनों के शुभ एवं अशुभ समय के साथ सूर्योदय, सूर्यास्त, चन्द्रोदय, चन्द्रास्त, ग्रह, नक्षत्र आदि के बारे में विस्तार से जानकारी प्राप्त कर सकते हें
दिन (Day) सोमवार
अयन (Ayana) उत्तरायण
ऋतु (Ritu) ग्रीष्म
मास (Month) ज्येष्ठ
पक्ष (Paksha) कृष्ण पक्ष
तिथि (Tithi) अष्टमी प्रात:काल 11:34 बजे तक तदुपरांत नवमी
नक्षत्र (Nakshatra) शतभिषा रात्रि 10:22 बजे तक तदुपरांत पूर्व भाद्रपद
योग (Yoga) वैधृति
करण (Karana) कौलव प्रात:काल 11:34 बजे तक तदुपरांत तैतिल
सूर्योदय (Sunrise) प्रात: 05:26 बजे
सूर्यास्त (Sunset) सायं 07:10 बजे
चंद्रमा (Moon) कुंभ राशि में
राहु काल (Rahu Kaal Ka Samay) प्रात:काल 07:09 से 08:52 बजे तक
यमगण्ड (Yamganada) दोपहर 10:35 से 12:18 बजे तक
गुलिक (Gulik) दोपहर 02:01 से 03:44 बजे तक
अभिजीत मुहूर्त (Abhijit Muhurt) प्रात:काल 11:51 से दोपहर 12:45 बजे तक
दिशाशूल (Disha Shool) पूर्व दिशा में
भद्रा (Bhadra) पूर्वाह्ल 01:55 बजे तक
पंचक (Pnachak) 22 मई 2022 को प्रात:काल 11:12 बजे से लेकर 27 मई 2022 को प्रात:काल 12:39 बजे तक
पंचांग के पांच अंगों – तिथि, नक्षत्र, वार, योग एवं करण के साथ राहुकाल, दिशाशूल (Dishashool) , भद्रा (Bhadra), पंचक (Panchank), प्रमुख पर्व आदि की महत्वपूर्ण जानकारी प्राप्त करते हैं.।

