बिलासपुर। शहर के दूसरे प्रमुख रेलवे स्टेशन में धीरे-धीरे सुविधाओं का विस्तार हो रहा है। फुट ओवरब्रिज के बाद जल्द ही क्विक वाटरिंग सिस्टम से ट्रेनों में पानी भरा जा सकेगा। पाइप बिछाने से लेकर जिस पंप से इसका कनेक्शन जोड़ा गया है, उसका सफल ट्रायल हुआ है। एक-दो जगहों पर छेद की वजह से पानी का रिसाव हो रहा था, जिसे भी ठीक कर लिया गया है। उसलापुर स्टेशन में निर्माण कार्य कोरोना की दस्तक से पहले शुरू हुआ है। इस वायरस के चलते यहां का काम भी प्रभावित रहा। यही वजह है कि सारे कार्यों को पूरा होने में समय लग रहा है।
उसलापुर स्टेशन को बिलासपुर रेलवे स्टेशन की तरह सर्वसुविधायुक्त बनाना है। यही वजह है कि कई निर्माण कार्य हो रहे हैं। इन्हीं में एक क्विक वाटरिंग सिस्टम है। दरअसल आने वाले दिनों में इस स्टेशन में बिलासपुर पहुंचने वाली ट्रेनों को परिवर्तित कर उसलापुर स्टेशन में रोकना है। यह तभी संभव है जब यहां वैसी सुविधा हो। बिलासपुर स्टेशन में सभी ट्रेनों के कोच में पानी भराता है।
यह सुविधा इसीलिए जरुरी है। उसलापुर में पहले यह व्यवस्था नहीं थी। इसे देखते हुए क्विक वाटरिंग सिस्टम की योजना बनाई है। इसके तहत मिनटो में सभी कोच में पानी भरा जा सकता है। कुछ दिनों पहले ट्रायल भी हुआ है। एक- दो जगहों में रिसाव था। जिसे ठीक कर लिया गया है। जल्द ही इसे शुरू कर दिया जाएगा। इसके बाद ट्रेनों में पानी भराने लगेगा। इससे बिलासपुर स्टेशन में भी काम दबाव कम होगा।

