रायपुरः अपने सपनों का आशियाना बनवाने का यह बिलकुल सही मौका है। घर बनाने की लागत थोड़ी कम हो गई है। सरकार की पहल और मानसून में डिमांड कम होने से सरिया और सीमेंट के दाम गिर गए हैं।
कुछ समय पहले तक डिमांड ज्यादा होने की वजह से सरिया, सीमेंट, रेत, ईंट और दूसरे बिल्डिंग मटेरियल्स के दाम आसमान छू रहे थे। महंगाई बढ़ने के चलते घर बनाने की लागत काफी ज्यादा हो गई थी। इसके बाद कीमतों को नियंत्रित करने के लिए केंद्र सरकार ने जरूरी कदम उठाए। सरकार ने हाल ही में स्टील पर एक्सपोर्ट ड्यूटी बढ़ा दी थी। इसी बीच बारिश का सीजन भी शुरू हो गया और बिल्डिंग मटेरियल्स की डिमांड कम हो गई। इन वजहों से सरिया और सीमेंट के दाम गिर गए साथ ही रेत, ईंट जैसे दूसरे मटेरियल्स की कीमतों में भी कमी देखी जा रही है।
बारिश का सीजन खत्म होने के बाद अक्टूबर में एक बार फिर डिमांड बढ़ने की संभावना है। ऐसे में घर बनाने में लगने वाले जरूरी सामान की कीमतें फिर तेजी का रुख कर सकती है। जानकारों की मानें तो इससे पहले ही घर बनवाने का बिलकुल सही समय है।
सरकारी आंकड़ों के अनुसार टीएमटी सरिया का खुदरा भाव 75 हजार (अप्रैल ) रुपये प्रति टन से घटकर 65 हजार रुपए प्रति टन के करीब आ गया है। इसी तरह सरिया की कीमत 60 रुपये प्रति टन तक गिर चुकी है। अप्रैल में 50 किलो सीमेंट की बोरी 450 रुपये के पार पहुंच गई थी जो 400 रुपये से करीब आ गई है। रेत और ईंट की कीमतों में थोड़ी नरमी आई है।

