
लोरमी ब्यूरो (धनंजय दुबे ) | छत्तीसगढ़ में टाईगर रिजर्व के नाम से जाने सुप्रसिद्ध आचानकमार अभ्यारण्य लगातार सुर्खियों में रहा है। जंगली जानवरों का लगातार हो रहा शिकार, राष्ट्रपति के दत्तक पुत्र बैगा आदिचासियों का शोषण, तो कहीं लगातार वनों की कटाई का मामला उजागर होता रहता है। ऐसे ही एक मामले में गुरुवार को लोरमी के सुदूर वनांचल भूतकछार सहित आस-पास के वनांचल से सैकड़ों बैगा 400 से 500 आदिवासियों ने लोरमी स्थित वन विभाग के कार्यालय का का घेराव करने के उद्देश्य से लोरमी पहुंचे। लेकिन यहां वन विभाग के कार्यालय में ताला लगा हुआ मिला। जिससे इन आदिवासियों का गुस्सा और भड़क गया। पुलिस टीम ने इनसे पूछताछ की तो आदिवासियों ने बताया कि उनके गांव के उत्तम ध्रुव और भागवत पट्टा को बगैर कारण वन विभाग की टीम ने घर से गिरफ्तार कर लिया है और आदिवासियों के घरों में मौजूद महिलाओं सहित उनके बच्चों को भी लाठियों से पीटा गया है। जिससे आक्रोशित ग्रामीणों ने लोरमी स्थित वन विभाग के कार्यालय को घेरने की कोशिश की, लेकिन ताला लगा होने के कारण उन्होंने चक्काजाम कर दिया , हालांकि इस मामले को लेकर कई बार वन विभाग के द्वारा कार्यवाही की गई है लेकिन इस बार की कार्रवाई को लेकर ग्रामीणों का आक्रोश फूट पड़ा वन विभाग की टीम ने आदिवासी नेता उत्तम ध्रुव और भागवत पट्टा को जैसे ही गिरफ्तार किया ग्रामीण इसका विरोध करने लगे और एकजुट होकर 500 की संख्या में लोरमी पहुंचे और गिरफ्तारी को वापस ले जाने तथा महिलाओं एवं बच्चों से मारपीट मामले में शाम 4:00 बजे से रात 10:00 बजे तक लगभग 6 घंटे से चक्का जाम किए रात्रि 10:00 बजे एसपी मौके पर पहुंचकर और ग्रामीणों को समझाइश दिए साथ ही गिरफ्तार लोगों को अगले दिन छोड़ने के साथ-साथ वन कर्मियों के खिलाफ जांच का आश्वासन दिए तब ग्रामीण माने और चक्का जाम समाप्त किए ग्रामीणों को समझाइश के लिए प्रसासनिक अधिकारी एवं सभी दल के नेता मौजूद रहे |

बाहरी अतिक्रमणकारियो पर कार्यवाही नहीं स्थानीय पर सितम – वन विभाग द्वारा किए गए कार्यवाही को लेकर विभाग पर ही सवाल उठ रहा है भाजपा पदाधिकारियों का कहना है कि वन विभाग परीक्षेत्र खुड़िया के ही काली डूंगरी उप रेंज में बाहरी व्यक्तियों द्वारा अतिक्रमण कर बकायदा पक्का मकान बना लिया गया है विभाग इस पर कोई कार्यवाही नहीं कर रहा है शिकायत के बाद कार्यवाही के लिए विभाग ने 5 अक्टूबर निर्धारित भी किया था लेकिन अब तक ध्यान नहीं दे रहा है और भूतकछार स्थानीय ग्रामीण जो निस्तारित के लिए अतिक्रमण कर रहे हैं उनके खिलाफ कार्यवाही की जा रही है

देर रात पहुंचे एसपी कार्यवाही का दिया आश्वासन चक्का जाम के दौरान रात 10:00 बजे एसपी डीआर आंचला मौके पर पहुंचे और प्रदर्शनकारियों से चर्चा की इस दौरान उन्होंने गिरफ्तार युवकों को शुक्रवार को छोड़ देने का आश्वासन दिया साथ ही महिलाओं से मारपीट करने के मामले में वन कर्मियों के खिलाफ जांच करने की बात कही तब जाकर प्रदर्शनकारी माने और चक्काजाम समाप्त किया कार्यवाई को वापस लेकर छोड़ना चाहिए जंगल पुरा गांव मिलाकर काटे हैं और कार्यवाही सिर्फ दो व्यक्तियों पर हो रही है यह पूरी तरह से गलत है कार्यवाही को तत्काल वापस लेकर छोड़ना चाहिए कार्यवाही के दौरान वन कर्मियों ने महिला और बच्चे से मारपीट की है इसका अपराध भी दर्ज होना चाहिए |
