- रेमडेसिवीर इंजेक्षन महाराष्ट्र सरकार ने 666 जबकि छत्तीसगढ़ ने 1568 रूप्ये में लिया
रायपुर। रायपुर लोकसभा सांसद सुनील कुमार सोनी ने प्रदेष सरकार द्वारा रेमडेसिवीर इंजेक्षन की खरीदी को लेकर आष्चर्य व्यक्त करते हुए पूछा है कि राज्य सरकार ने किन आधारों पर तीगुने दाम पर इंजेक्षन खरीदने का निर्णय लिया है। क्या लोगों की मजबूरी और जरूरत को राज्य सरकार एक आपदा नहीं अवसर समझ रही है ?
श्री सोनी ने कहा कि जिस रेमडेसिवीर इंजेक्षन को महाराष्ट्र सरकार ने 666 रूपयों में क्रय किया है। छत्तीसगढ़ प्रदेष की कांग्रेस सरकार 1568 रूपये प्रति इंजेक्षन की दर पर खरीदी कर रही है। राज्य सरकार कोरोना के विपदा से निपटने में पूरी तरह असफल साबित हो रही है। प्रदेष में भय का वातावरण व्याप्त है। विगत 2 माह से सरकार ने कोरोना को हल्के में लिया और प्रदेष में दिन प्रतिदिन संक्रमण फैलता रहा। राज्य के मुख्यमंत्री अपने चुनावी दौरे में मषगूल थे और प्रदेष की जनता की सुध लेने वाला कोई नहीं था। आज छत्तीसगढ़ में कोरोना चरम पर है और 2 सप्ताह के लॉकडाउन के बाद भी प्रदेष में स्थिति जस की तस है।
सांसद सुनील सोनी ने कहा कि प्रदेष सरकार द्वारा माइलेन कंपनी बैंगलुर से जो रेमडेसिवीर लगभग तीगुने में दाम क्रय किया जा रहा है, वह संदेहास्पद है। इससे राज्य सरकार को करोड़ांे रूपयों की हानि संभावित है। विगत 1 वर्ष में राज्य सरकार ने जिस प्रकार वैकल्पिक व्यवस्था करते हुए स्थाई समाधान की ओर कोई प्रयास नहीं किया है, वह भी समझ से परे है। ब्लॉक स्तर तो दूर की बात, करोड़ों रूपये खर्च करने के बाद भी कोविड से निपटने प्रदेष में जिला स्तर तक भी संसाधन तैयार नहीं किये जा सके हैं। संकट के इस दौर में सरकार को पूरी निष्ठा और ईमानदारी से प्रयास करना होगा।

