महासमुंद । राज्य आंदोलनकारी छत्तीसगढ़ संयुक्त किसान मोर्चा के जिला संगठन प्रभारी आदिवासी किसान नेता अशोक कश्यप ने कहा है कि राइस मिलर छत्तीसगढ़ में गिरोह बनाकर लाखों बोरा धान शासन का कर दिए हैं गवन। रसीद बिल फाड़कर करते हैं चारसौ बीसी का व्यापार। साल भर मेहनत करने वाला किसान अपने बच्चों को कपड़ा नहीं दिल पता, राइस मिलर अपने लड़के,लड़कियों को कार महंगी मोबाइल प्रति माह लाखों रुपए कैसा खर्च कर पाएंगे। जीएसटी चोरी मंडी टैक्स चोरी आम बात है। विगत दसों वर्षों से पिथौरा में राइस मिलरों द्वारा गिरोह बनाकर जिसमें कृष्णा राइस मिल,मंडी सचिव,विपणन अधिकारी जिलाधीश जैसे लोगों को सभी जानकारी प्राप्त रहती है पर कार्यवाही नहीं करते।200 रुपए का पाकिट मारने वाला पॉकेट मार जेल जाता है।करोड़ 2 करोड़, 10 करोड रुपए शासन का धान डकैती करने वाला जिलाधीश,पुलिस अधीक्षक, थानेदार,विधायक के साथ बैठकर सम्मानित नागरिक बनता है। यह समाज की विडंबना है। घटना की जैसे प्रशासनिक अधिकारियों को जानकारी हुई तत्काल एफआईआर करना था। एफआईआर हेतु किसान मोर्चा ने विधिवत आवेदन कर दिया है पुलिस अधीक्षक महासमुंद के माध्यम से थाना प्रभारी पिथौरा को आज प्रथम सूचना एफआईआर हेतु प्रस्तुत किया गया है। एफआईआर नहीं होने पर पुलिस अधीक्षक महासमुंद, थाना प्रभारी पिथौरा पर किसान मोर्चा द्वारा पद के दुरुपयोग,भ्रष्टाचार का प्रकरण धान चोरी गबन पर साझेदारी का आरोपी बनाएगा।आज पुलिस अधीक्षक महासमुंद,थाना पिथौरा के साथ ही साथ महामहिम राज्यपाल छत्तीसगढ़,मुख्यमंत्री छत्तीसगढ़ शासन,डीजीपी छत्तीसगढ़,आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो रायपुर, जिलाधीश महासमुंद, सचिव मंडी बोर्ड छत्तीसगढ़ शासन को भी प्रतिलिपि कार्यवाही हेतु प्रेषित किया गया है।
पिथौरा राइस मिलर द्वारा शासन के धान पर डकैती आदिवासी किसान नेता ने संवैधानिक कार्यवाही करने विधिवत एफआईआर हेतु पुलिस अधीक्षक महासमुंद के माध्यम से थाना प्रभारी पिथौरा को दिया आवेदन

