प्रांतीय वॉच

बडे़राजपुर के आश्रित पारा कोदोभाट बन्नूपारा में आजादी के सात दशक बाद भी सड़क नही और देश में आजादी का अमृत महोत्सव

Share this

प्रकाश नाग/बिश्रामपुरी/केशकाल : हल्की सी बारिश से ही गांव वालों को अपनी जान जोखिम में डालकर फिसलन, किचड़ भरी पगडंडीनुमा कच्चा रास्ता और नाला पारकर अपने दैनिक आवश्यकता या अन्य कार्य के लिये तीन कि.मी. दूरी तय करके पक्की सड़क तक पहुंचने को लाचार हैं बडेराजपुर के आश्रित कोदोभाट बन्नूपारा के लोग । वैसे तो आज तक बस्तर में विकास की सबसे बडी़ बाधा प्रदेश की राजधानी रायपुर और देश की राजधानी दिल्ली में रहने वाले लोगों द्वारा नक्सलियों को माना जाता है जबकि हकीकत यह है कि यह पारा बडे़राजपुर ब्लाक के बीच में है और यहां पर कोई नक्सली समस्या या परेशानी भी नही है फिर भी आज तक इस गांव वालों को मूलभूत सड़क जैसी सुविधा भी नसीब नही हो पाया है।

कोंडागांव जिला के बडे़राजपुर ब्लाक के सबसे बडे ग्राम पंचायत बडे़राजपुर का आश्रित पारा कोदोभाट बन्नूपारा है जिसकी आबादी लगभग 400 है । विडंबना है की एक ओर आजादी के 75 वें वर्ष को सारा देश अमृत महोत्सव के रुप में मना रहा है और इस अमृत महोत्सव की जिले की क्रियान्वयन एजेंसी स्वयम् प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क विभाग है वहीं दूसरी ओर आज तक इस गांव को सड़क तक नसीब नही है। गाँव वालों की समस्या को लेकर न तो इस विभाग को सुध है न शासन प्रशासन को और ना पंचायत विभाग को ।

इस संबंध में ग्रामीणों ने कहा कि वैसे तो हर पंचायत, विधानसभा और लोकसभा चुनाव के समय में जनता से हाथ पांव जोड़कर वादा करने वाले जनप्रतिनिधि जीत के बाद इस पारा की सुध लेना भूल जाते हैं यही क्रम सात दशक से चलते आ रहा है सड़क की मांग को लेकर गांव वालों ने कई दफा शासन-प्रशासन,ग्रामसभा और जनप्रतिनिधियों को अवगत करा चुके हैं फिर भी आज तक किसी ने उनकी समस्या को ध्यान नही दिया शायद लोकतंत्र में उनकी वोट का महत्व नही है गांव वालों ने बताया कि उनके गांव में बरसात के मौसम में ना तो कोई चार पहिया गाडी़ आ जा पाती है और ना ही स्वास्थ्य विभाग की अतिआवश्यक सेवा वाली गाडी़ 102,108 जैसे संजीवनी गाडी़ आ जा पाती है । हालात के मजबूरी वश गंभीर मरीज को गांव वाले तीन किमी दूर पडो़स के गांव खजरावंड या सोनपुर तक स्वयम् बाईक या सायकिल में पहुंचाने के बाद वहां से चार पहिया वाहन से अस्पताल पहुंचाते हैं।

गांव के ग्रामीण हेमलाल, दिनेश, चैतु , तुलाराम, बलदेव, दयाराम आदि ने बताया कि उनकी शासन प्रशासन से बस एक ही विनती और मांग है कि हमारे गांव कोदोभाट बन्नूपारा को ग्राम खजरावंड से होते हुये कलगांव तक तथा ग्राम ओंडकापारा से होते हुये कोदोभाट को जोड़कर सोनपुर तक पक्की सड़क की सुविधा उपलब्ध करा दिया जावे जिससे हमारा गांव भी विकास की दौड़ में शामिल हो सके ।

Share this

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *