मनमोहन सिंह/बैकुण्ठपुर। जिला मुख्यालय से लगे ग्राम पंचायत शंकरपुर के लोगों को इन दिनों अपने घर व बाडी को शासन-प्रशासन के द्वारा लुटते हुए देख रहे है। ग्रामीणों का कहना था कि हम इन जमीनों मे लगभग 60-70 वर्षों से काबिज है, हमरे द्वारा कब्जा किए गए जमीनों का भाजपा शासन मे हमे पट्टा भी दिया गया है, जिसके बाद भी शासन-प्रशासन के द्वारा अब कोकोनेट प्लांट लगानें हेतु जमीनों को अधिग्रहित कर रहे है जो हमारे आय के साधन को हम जबरजस्ती लुटा जा रहा है। वहीं कुछ ग्रामिणों का कहना है की कांग्रेस के कई पदाधिकारी व कार्यकरता लोग शासकीय जमीनों पर कब्जा किए हुए है लेकिन उनके उपर शासन-प्रशासन के द्वारा किसी प्रकार की कार्यवाही नहीं कर रहा है, लेकिन वहीं हम गरीब ग्रामिणों की जमीनों को हमसे जबरजस्ती लुटा जा रहा है। वहीं शंकरपुर निवासी रज्जुराम का कहना है कि बैकुण्ठपुर मे और भी शासकीय जमीन है जिन्हे कांग्रेस जिला अध्यक्ष सहित भू-माफिया भी कब्जा कर के भवन बनाऐ है और किराया वसुल रहे है। जबकि किसान उस जमीन मे शासन प्रशासन के नियमानुसार खेती किसानी कर रहे है लेकिन कांग्रेस के नेता तो शासन-प्रशासन के नियम के विरुध कार्यकर रहे है। जिसके बाद भी उनके द्वारा शासकीय कब्जे की जमीन को शासन प्रशासन इन नेताओं के सामने नतमस्त है। बडे लोगों के द्वारा शासकीय नियमों का खुलेआम उलंघन कर रहे है।
70 वर्षों से काबिज किसानों को पट्टा मिलनें के बाद भी जमीन को शासन-प्रशासन ले रही जबरजस्ती-किसान हुए लामबंध

