- राजापारा में वर्षों पुराना नीम चौराहा के नाम से जाने जाने वाले नीम पेड़ भी गिरा तथा लाइटे रही बंद
- लाइट नहीं आने के संकेत दूसरे दिन 5:00 बजे तक मिल रहे थे
अक्कू रिजवी /कांकेर : कांकेर जिला मुख्यालय में 21 अप्रैल की रात्रि 8:30 बजे 60 की गति से आंधी, तूफान के साथ तेज़ बारिश हुई । आंधी ने शहर के बरगद तथा नीम जैसे बड़े बड़े पेड़ों को गिरा दिया , जिसके कारण बिजली बंद हुई ,जो अब तक बहाल नहीं हो पाई है । राजापारा का ऐतिहासिक नीम चौरा वाला सैकड़ों साल पुराना नीम , जिसकी लोग पूजा करते थे, वह भी इस तूफान के आगे शहीद हो गया । आमापारा में बहुत पुराने बरगद के पेड़ गिर जाने से बिजली का बहुत नुकसान हुआ ।लोग रातभर गर्मी और मच्छरों से परेशान रहे । कल शाम तक का मौसम ठीक था लेकिन इसके बाद अचानक तेजी से मौसम बदल जाने से और एका-एक तूफानी बारिश भी हो जाने से कई लोग यहां वहां फंस गए , जिन में आवश्यक सेवा , जैसे दूध इत्यादि पहुंचाने वाले लोग अधिक थे । गश्त कर रहे पुलिस वाले भी आंधी पानी से बहुत परेशान हुए। रात 12:30 बजे के आसपास कांकेर के छोटे से भाग में बिजली बहाल हुई लेकिन शेष कांकेर में अभी भी अंधेरा है और बिजली कब तक बहाल होगी यह बताने में विभाग के कर्मचारी भी असमर्थ प्रतीत हो रहे हैं ।

