- सामुदायिक वन संसाधन के दावा प्रकिया को लेकर वन अफसरों से लिखित में माँगा अपना अधिकार
पुलस्त शर्मा/ मैनपुर : उदंती सीतानदी टाईगर रिजर्व क्षेत्र 51 ग्रामो के हजारो महिला पुरूष आज मंगलवार को टैक्टर, मोटरसायकल, पिकअप में बैठ सामुदायिक वन संसाधन के दावा प्रकिया व अपनी मांगो को लेकर गरियाबंद जिला मुख्यालय की ओर कूच किये तथा जिला कार्यालय व वन मंडलाधिकारी कार्यालय का घेराव करते हुए विशाल धरना प्रदर्शन का आयोजन किया। इस दौरान धरना प्रदर्शन में शामिल होने किसान मजदूर संघर्ष समिति अध्यक्ष अर्जुन सिंह नायक, टीकम नागवंशी, जिला पंचायत सभापति लोकेश्वरी नेताम के नेतृत्व में उदंती सीतानदी टाईगर रिजर्व क्षेत्र के वन प्रबंधन समिति अध्यक्ष व सरपंचों सहित महिला पुरूष टैक्टर, मोटरसायकल व अन्य वाहनों मे बैठक बैठकर सैध्दांतिक रूप से आंदोलन करने गरियाबंद की ओर रवाना हुए और उपनिदेशक उदंती सीतानदी टाईगर रिजर्व क्षेत्र को एक ज्ञापन सौंपते हुए सामुदायिक वन संसाधन दावा प्रक्रिया को क्षेत्र मे लागू करने मांग किया गया। उपनिदेशक को ज्ञापन सौंपते हुए आदिवासी नेता टीकम नागवंशी, अर्जुन सिंह नायक ने बताया कि अनुसूचित जनजाति एवं अन्य परंपरागत वन निवासी वन अधिकारों की मान्याता अधिनियम 2005 तथा संसोधन नियम 2012 के तहत धारा 3 (1) झ में ग्राम सभा को अपने पारम्परिक सीमा के जंगल का संरक्षण, संवर्धन और प्रबंधन का अधिकार की मान्यता दिया गया है और यह प्रकिया गरियाबंद तथा धमतरी जिला के ग्राम सभाओ को भी मन्याता दिया गया परन्तु सीतानदी उदन्ती टाईगर रिजर्व के कोर एरिया में ग्राम सभा को मान्यता नहीं दे रहे है और ग्राम सभा के लोग दावा तैयार करते है तो विभाग के कर्मचारीयों द्वारा दावा का स्थल सत्यापन रिपोर्ट नहीं देते है उसका कारण टाईगर रिजर्व का कोर एरिया होना बताया जाता है और मना भी किया जाता है साथ ही उच्चाधिकारियों द्वारा भी इस क्षेत्र को कोर एरियामें होने की बात मौखिक रूप से बताते हुए यह कानून लागू नहीं होने की बात कही जाती है लेकिन वन अधिकार कानून में इस प्रकार दिया है कि संकटपूर्ण वन्य जीव आवास स्थल, राष्ट्रीय उद्यानों और अभयारण्यों में वन अधिकार कानून लागु है जो कियान्वयन मार्गदर्शिका के पृष्ट कमांक 79 में उल्लेख दिया है । उन्होने बताया कि आयुक्त आदिम जाति तथा अनुसूचित जाति विकास नवा रायपुर छ.ग. के द्वारा टाईगर रिजर्व क्षेत्र में लागू करने के लिये दिसम्बर 2020 को आदेश पत्र भेजा है लेकिन मामले को संज्ञान मे नही लिया गया और ग्राम सभा के प्रतिनिधियों को वन अधिकार कानून टाईगर रिजर्व क्षेत्र में ग्राम पंचायत साहेबिन कछार 7365 मामिल लागू नहीं होगा इस प्रकार मौखिक रूप से आश्वासन दिया गया है। सभी मांगो को लेकर उदंती सीतानदी टाईगर रिजर्व क्षेत्र के हजारो लोगो ने मांग किया है कि सीतानदी उदन्ती टाईगर रिजर्व एरिया में ग्राम सभाओं को वन अधिकार कानून के तहत धारा 3 (1) झ के अंर्तगत संरक्षण, संवर्धन एवं प्रबंधन का अधिकार हेतु दावों के प्रक्रिया नहीं करना चाहते पर लिखित में देंने की मांग किये वही दावा प्रक्रिया चालू करने, कोर एरिया के दावों का सत्यापन कार्य विभाग द्वारा किया जाने से सदस्यों को दोनों प्रकिया मंजूर होने इन सब बातों को लिखित में देने की मांग करते क्षेत्र के लोग अड़े रहे उदंती क्षेत्र के रहवासियों की मांगो को सुनते हुए जिला कलेक्टर निलेश सिंह क्षीरसागर एवं वन अफसर मौके पर पहुंचे जहां ग्रामीणो को आश्वासन देते हुए सभी मांगो को गंभीरता से लेते हुए राज्य सरकार से निर्देश प्राप्त होते ही आगे की कार्यवाही करने की बात कही है। इस दौरान ज्ञापन सौंपने वालो में अर्जुन सिंह नायक, टीकम नागवंशी, वीरसिंह मरकाम, रूपसिंह मरकाम, दीपक मंडावी, नारायण मरकाम, पुस्तम मांझी, गोपाल नेताम, महेश नागवंशी, दीपचंद ओंटी, रूपेश मसीह, मायाराम कपिल, टीकम सिंह मांझी, पुस्तम नेताम, तुलाराम नेताम, कार्तिकराम नेताम, बलमत पोर्टी, बैजनाथ नेताम, कार्तिक नायक, लोचन यादव, रघुराम पटेल, नीलम नेताम, भुजबल मरकाम, अगिन यादव, मधुर सिंह ओटी, कुंवरसिंह ओटी, सरपंच मेचका विमला ध्रुव, नवागांव ऋषि ओटी, सरपंच ठेनही सिरधन सोम, वन समिति तुमड़ीबहार, सुशील ध्रुव, रतनलाल, बरसन, तोरण लाल पुजारी, तुलाराम नेताम, संतोष मरई, जितेेन्द्र बोरझ, सहदेव, तोरण लाल, फूलसिंह नेताम सहित अभ्यारण क्षेत्र गरियाबंद व धमतरी जिले के 51 ग्रामों के प्रमुख जनो शामिल रहे।

