समैया पागे/ बीजापुर। जिला कलेक्टर रितेश अग्रवाल के निर्देशानुसार जिले में 15 दिसम्बर 2020 से 15 जनवरी 2021 तक जिले में बाल श्रमिक भिक्षावृत्ति अपशिष्ट संग्राहक में लिप्त बच्चों के लिए विशेष अभियान चलाने हेतु जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला बाल विकास विभाग को निर्देश किया गया है महिला बाल विकास अधिकारी लुपेन्द्र महिनाग द्वारा बताया गया कि किशोर न्याय बालकों की देखरेख एवं संरक्षण अधिनियम के अनुसार ऐसे बालक जिनके द्वारा श्रम विधियों का उल्लंघन करते पाये जाने तथा भीख मांगते पाये जाने वाले उस बालक को देखरेख संरक्षण की आवश्यक के रूप में माना जावेगा। ऐसे बालक को बालक कल्याण समिति के माध्यम से पुर्नवास एवं समाज के मुख्य धारा जोडने का प्रयास किया जायेगा बाल श्रम प्रतिषेद और विनियमन संशोधन अधिनियम के अनुसार किसी भी बच्चें से कार्य कराये जाने पर पाबंदी है। अपशिष्ट/कुड़ा बिनने एवं सफाई के कार्य को अधिनियम के तहत खतरनाक श्रेणी में रखा गया है। बाल श्रमिक कुड़ा कचरा बिनने के व्यवसाय तथा भिक्षावृत्ति में लिप्त बच्चों की पहचान कर उन्हे संरक्षण प्रदान किया जायेगा तथा उनकों शिक्षा एव अन्य सभी जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराई जायेगी। जिले में बाल श्रमिक भिक्षावृत्ति अपशिष्ट संग्राहक में लिप्त बच्चों का चिन्हांकन हेतु 15 दिसम्बर 2020 से 15 जनवरी 2021 तक विशेष अभियान जिला बाल संरक्षण इकाई, श्रम विभाग, नगरीय निकाय, पुलिस विभाग के सयुक्त टीम द्वारा अभियान चलाया जा रहा हैं। इस प्रकार की गतिविधियों में लिप्त बच्चे यदि जिले में पाये जाते है। तो जानकारी महिला एवं बाल विकास विभाग को सूचना दे।
बाल श्रमिकों व भिक्षावृत्ति करने वाले बच्चो का पुर्नवास

