राजशेखर नायर/नगरी : किसानों से बड़े-बड़े वादे कर सत्ता में आए भूपेश सरकार के रवैए से किसानों में आक्रोश देखा जा रहा है। धान बेचने के लिए पंजीयन कराने, पंजीयन केंद्रों में किसानों में अफरा-तफरी मची हुई है। पंजीयन हेतु ऑनलाइन आवेदन के बाद भी कई किसानों के पंजीयन नहीं हो पाए हैं। भूपेश सरकार द्वारा समर्थन मूल्य पर 2 दिसंबर से धान खरीदी प्रारंभ की जानी है। जिसके लिए किसानों को पंजीयन क्रमांक को पहले टोकन काउंटर में जमा करना होगा । उसके बाद लॉटरी सिस्टम से किसानों को खरीदी की तारीख व नंबर आवंटित किया जाना है। पर कई किसानों को अब तक पंजीयन नंबर ही उपलब्ध नहीं हो पाए हैं ,जिसकी वजह से वे पिछले कई दिनों से पंजीयन केंद्रों के चक्कर लगा रहे हैं। किसानों ने शिकायत करते हुए बताया की भूपेश सरकार द्वारा पिछले फसल की बोनस राशि चार किस्तों में दिया जा रहा है। चौथा किस्त कब दिया जाएगा यह तो अभी निश्चित नहीं है, पर कई किसानों ने बताया की अब तक तीसरा किस्त की राशि नही प्राप्त हो पाई है। किसानों को हो रही परेशानियों की वजह से प्रदेश सरकार के प्रति किसानों में आक्रोश देखा जा रहा है।
भूपेश सरकार किसानों के सब्र का लेरही इंतिहान, पंजीयन केंद्रों में अफरा-तफरी का माहौल

