
(जगदलपुर ब्यूरो ) | हम बस्तरवासियों के गौरव का प्रतीक, संभाग में शिक्षा का पर्याय शासकीय बहुद्देशीय उच्चतर माध्यमिक शाला उर्फ ” बस्तर हाई स्कूल ” का अस्तित्व मिटाने जा रही है भूपेश सरकार | पूर्व अध्यक्ष – भाजपा जगदलपुर, राजेन्द्र बाजपेयी द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति में कहा गया है कि आधुनिक शिक्षा के नाम पर भूपेश सरकार बस्तर हाईस्कूल का अस्तित्व मिटाने जा रही है। जिस गौरवशाली स्कूल में बस्तर अंचल के लगभग 1100 बच्चे शिक्षा ग्रहण करते आ रहे हैं उस स्कूल को छत्तीसगढ़ की भूपेश सरकार स्वामी आत्मानंद योजना के अंतर्गत माॅडल स्कूल में परिवर्तित करने के साथ साथ इसका नाम भी बदलने जा रही है | राजेन्द्र बाजपेयी ने कहा है कि देश के कमजोर वर्ग को अशिक्षित और गरीब बनाए रख कर लगभग छ: दशकों तक राज करने वाली कांग्रेस पार्टी की सोच आज भी बदली नहीं है। लगातार शिक्षित होते बस्तर को, पुनः अशिक्षित रखने का षड्यंत्र एक बार फिर रचा जा रहा है। बस्तर हाईस्कूल मे शिक्षा प्राप्त,शाला का भूतपूर्व छात्र होने के नाते मेरा माननीय मुख्यमंत्री भूपेश बघेल जी से ये निवेदन है कि प्रदेश में आधुनिक ही नही अत्याधुनिक शिक्षा आप दीजिए परंतु वर्षो से स्थापित शिक्षण संस्थाओं के अस्तित्व को मिटा कर नहीं, बल्कि आधुनिक शिक्षण संस्थाओं का निर्माण करा के दीजिए। केन्द्र सरकार हो या प्रदेश सरकार, सभी का प्रयास अधिक से अधिक बच्चों को शिक्षित करने का है तो फिर आप की सरकार विपरीत काम क्यों कर रही है। बस्तर हाईस्कूल को स्वामी आत्मानंद योजना के अंतर्गत माॅडल स्कूल में परिवर्तित करने से एक कक्षा में 40 बच्चों की ही स्वीकृति होगी जिससे कि छठवीं से 12वीं तक शाला में सिर्फ 380 बच्चे ही प्रवेश ले सकेंगे। वर्तमान में इस शाला में 1080 बच्चे अध्ययनरत है। स्पष्ट है कि माडल स्कूल में परिवर्तित होते ही बस्तर हाईस्कूल के 700 बच्चे यहाँ शिक्षा ग्रहण करने से वंचित हो जाएंगे। और यदि पूरे प्रदेश भर में स्थापित होने जा रहे इन प्रस्तावित 32 माॅडल स्कूलों की सोचें तो बहुत बड़ी संख्या में बच्चे शिक्षा ग्रहण करने से वंचित हो जाएंगे। नक्सलवाद का दंश झेल रहे बस्तर अंचल में आधुनिक शिक्षा के नाम पर 700 बच्चों को शिक्षा के अधिकार से वंचित करने का पाप ना करे भूपेश सरकार। बस्तर के शैक्षणिक गौरव के साक्षी बस्तर हाईस्कूल के अस्तित्व को यथावत बनाए रखते हुए नवीन एवं अत्याधुनिक शाला भवन का निर्माण करवा के आधुनिक शिक्षा के प्रचार प्रसार का जिम्मा भूपेश सरकार को लेना चाहिए |
